IAS Success Story : दिलीप कुमार के IAS बनने में अंग्रेजी खड़ी कर रही थी परेशानी तो हिंदी में ही इंडरव्यू देकर गाड़े सफलता के झंडे

IAS Success Story of Topper Dilip Kumar दिलीप कुमार के IAS बनने में अंग्रेजी खड़ी कर रही थी परेशानी तो हिंदी में ही इंडरव्यू देकर गाड़े सफलता के झंडे : आज हम आपको अपनी इस पोस्ट में आपको ऐसे एक शख्स के बारे में बताने जा रहे हैं, जिनके हौसले मजबूत थे और उन्होंने किसी भी मुश्किल हालात से हार नहीं मानी ! Indian Administrative Service वो कहावत है कि आदमी को केवल परेशान कर सकते हैं, लेकिन मंजिल तक पहुंचने से रोक नहीं सकते ! आज देश की कठिन परीक्षा IAS और IPS समेत सभी बड़ी परीक्षा और इंटरव्यू अंग्रेजी भाषा में आयोजित होती हैं !

IAS Success Story of Topper Dilip Kumar : दिलीप कुमार के IAS बनने में अंग्रेजी खड़ी कर रही थी परेशानी तो हिंदी में ही इंडरव्यू देकर गाड़े सफलता के झंडे

IAS Success Story of Topper Dilip Kumar
IAS Success Story of Topper Dilip Kumar

इसके चलते हजारों छात्र और छात्राएं इस तरह की परीक्षा देने से पहले ही हार मान जाते हैं, लेकिन आज हम आपको जिनके बारेमें बताने जा रहे हैं ! उन्होंने ऐसे हालातों से कभी हार नहीं मानी और आखिर में वो अपने लक्ष्य IAS की कुर्सी पर बैठ कर देश को अपनी सेवा दे रहे हैं ! आज हम बात कर रहे हैं UPSC Exam में सफलता हासिल करने वाले दिलीप कुमार ( Indian Administrative Service Dilip Kumar ) के बारे में बताने जा रहे हैं !

IAS Dilip Kumar के सफलता की कहानी

दिलीप कुमार ( Dilip Kumar ) ने अपने तीसरी कोश‍िश में UPSC की परीक्षा पास की है ! अपने एक इंटरव्यू के दौरान दिलीप कुमार बताया था कि उनके लक्ष्य के रास्ते में अंग्रेजी दीवार बन कर खड़ी थी और उनका रास्ता रोक रही थी, लेकिन इसके बावजूद भी वो अपने लक्ष्य से नहीं भटके ! दिलीप बताते हैं कि उन्होंने दो बार यूपीएससी मेंस एग्जाम ( UPSC Mains Exam ) निकाला और अंग्रेजी में दो बार इंटरव्यू दिया, लेकिन उनका चुनाव नहीं हुआ !

लक्ष्य नहीं तरीका बदला

Indian Administrative Service दिलीप कुमार ( Dilip Kumar ) बताते हैं कि उनको हर हाल में IAS बनना था ! इसलिए उन्होंने इंटरव्यू के जरिए को बदला और तीसरी बार हिंदी में इंटरव्यू दिया ! दिलीप आगे बताते हैं कि उन्होंने साल 2018 में 73वीं रैंक ( All India Rank 73 ) हासिल की थी ! दिलीप कुमार ने इंटरव्यू में बताया कि उन्हें अंग्रेजी में इंटरव्यू देने के कारण अच्छे स्कोर नहीं मिल पा रहे थे ! इसलिए उन्होंने हिंदी में ही इंटरव्यू देने का फैसला किया ! दिलीप कुमार बताते हैं कि साल 2016 से 17 में अंग्रेजी में दिए इंटरव्यू में उनको 143 मार्क्स मिले थे !

अपनी हिंदी भाषा में ही दिया UPSC इंटरव्यू

वो बताते हैं कि वहीं साल 2019 में हिंदी में इंटरव्यू दिया तो 179 मार्क्स मिले ! आपकी जानकारी के लिए बता दें कि UPSC में इंटरव्यू 275 मार्क्स का होता है ! दिलीप कुमार ( Dilip Kumar ) बताते हैं कि वो पहली बार इंटरव्यू देने के पहले तय नहीं कर पा रहे थे कि इंटरव्यू हिंदी में दें या फिर अंग्रेजी में ! अंग्रेजी में इंटरव्यू देने के बाद उन्‍हें 143 मार्क्स मिले थे ! इसके बाद उन्‍होंने अपनी भाषा हिंदी में इंटरव्यू देने का फैसला ल‍िया ! द‍िलीप बताते हैं कि इंटरव्‍यू के दौरान, उम्‍मीदवार हिंग्लश में सवालों के जवाब दे सकते हैं ! इसलिए यह उन्‍हें आसान लगा ! हिंदी में अपनी बात को ठीक से रख पाने के कारण ही उन्‍हें अच्छे अंक मिले और 73वीं रैंक हासिल की !

Indian Administrative Service : पर्सनैलिटी डेवलपमेंट जरूरी

IAS Success Story of Topper Dilip Kumar बता दें कि दिलीप कुमार ( IAS Dilip Kumar ) ने बताया कि इंटरव्यू में जितनी नॉलेज की जरूरत है उससे कहीं ज्यादा पर्सनैलिटी की जरूरत होती है ! साथ ही करंट न्यूज के साथ-साथ देश और दुनिया के बड़े मुद्दों के बारे में जानकारी रखनी जरूरी है ! साथ ही दिलीप आगे बताते हैं कि इंटरव्यू देने के पहले एक फॉर्म भरना होता है ! इसके अलावा इसमें अपनी हॉबी की सही जानकारी भरें, क्योंकि इंटरव्यू में आपसे इनसे संबंधित सवाल पूछे जाते हैं !

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