IAS Success Story : पहले प्रयास में असफलता से नहीं मानी हार, दूसरे प्रयास में मिली सफलता यहां पढ़ें IAS बनी उपासना की कहानी

IAS Success Story of Topper Upasana Mohapatra पहले प्रयास में असफलता से नहीं मानी हार, दूसरे प्रयास में मिली सफलता यहां पढ़ें IAS बनी उपासना की कहानी : आज हम आपको इस बार की कड़ी में ओडिशा की रहने वाली उपासना मोहपात्रा ( IAS Upasana Mohapatra ) के बारे में बताने जा रहे हैं ! उन्होंने साल 2017 में All India Rank 119वीं हासिल की और अपने IAS बनने के सपने को अपने दूसरे अटेम्पट ( UPSC Second Attempt ) में पूरा किया !

IAS Success Story of Topper Upasana Mohapatra : पहले प्रयास में असफलता से नहीं मानी हार, दूसरे प्रयास में मिली सफलता यहां पढ़ें IAS बनी उपासना की कहानी

IAS Success Story of Topper Upasana Mohapatra
IAS Success Story of Topper Upasana Mohapatra

अपने एक इंडरव्यू के दौरान उन्होंने बताया कि जब पहले प्रयास में उनका चयन UPSC में नहीं हुआ तो उन्होंने इससे हार नहीं मानी, बल्कि लगकर इसकी तैयारी करती रहीं ! इसका नतीजा ये हुआ कि उपासना को इस कोशिश में सफलता हासिल की ! उपासना UPSC की तैयारी करने वालों के लिए कुछ खास टिप्स दे रही हैं ! वो कहती हैं कि हर किसी के IAS बनने के पीछे एक अपनी कहानी, अपने संघर्ष होते हैं, लेकिन एक बात तो लगभग सबके साथ ही कॉमन होती है कि इस परीक्षा के लिए अपनी पूरी मेहनत लगानी पड़ती है !

IAS Upasana Mohapatra के सफलता की कहानी 

उपासना मोहपात्रा ( IAS Upasana Mohapatra ) बताती हैं कि इस परीक्षा में न सफलता का शॉर्टकट काम करता है न ही सिलेबस को शॉर्ट, लेकिन अनुभव इकट्ठा करके परीक्षा की तैयारी के लिए प्रॉपर स्ट्रेटजी ( Proper Strategy ) जरूर प्लान की जा सकती है ! अपनी स्ट्रेटजी और टाइम टेबल ( Strategy and Time Table ) से चिपके रहने से ही आप सफलता हासिल कर सकते हैं !

शुरुआती दिन इस तरह रहे

अपने इंटरव्यू के दौरान उपासना मोहपात्रा ( IAS Upasana Mohapatra ) बताती हैं कि वो हमेशा से एक ब्रिलियंट स्टूडेंट ( Brilliant student ) रहीं हैं और लगभग हर क्लास में उनके सबसे अच्छे माक्स आए है, लेकिन इसका मतलब ये नहीं कि वो खेलकूद और दूसरी एक्टिविटीज में हिस्सा नहीं लेती थीं ! वो बताती हैं कि वे पढ़ाई के साथ-साथ हर तरह की एक्टिविटीज में भी काफी हिस्सा लिया करती थीं ! उपासना बताती हैं कि उन्होंने ICSE Board से क्लास 10th 96 परसेंट माक्स के साथ पास किया !

इसके बाद डीएवी स्कूल ( DAV School ) से क्लास 12 पास किया ! इसके बाद वो मिरांडा हाउस, दिल्ली चली गई और वहीं से उन्हें सिविल सर्विसेज ( Civil services ) में जाने की प्रेरणा मिली ! उपासना बताती हैं कि उन्होंने फिजिक्स ऑनर्स ( Physics Honors ) से पढ़ाई करते समय यहां भी उन्होंने 91.3 प्रतिशत माक्स के साथ कॉलेज के टॉपर्स की लिस्ट में अपना नाम कमाने में कामयाब रहीं ! उपासना ने आगे बताया कि उनके पिताजी अशोक मोहपात्रा ओडिशा में सीनियर जर्नलिस्ट ( Senior journalist ) थे और मां संजुक्ता मोहपात्रा टीचर हैं ! इस तरह उनके घर में हमेशा से पढ़ाई का माहौल था जिसका प्रभाव उन पर हमेशा बना रहा !

पहले प्रयास की कमियों को दूसरे में किया दूर

उपासना मोहपात्रा ( IAS Upasana Mohapatra ) बताती हैं कि मिरांडा हाउस से ग्रेजुएशन करने के तुरंत बाद ही उन्होंने UPSC की तैयारी शुरू कर दी थी ! वैसे तो उपासना काफी आउटगोइंग हैं, लेकिन इस परीक्षा ( UPSC Exam ) की तैयारी के दौरान उन्होंने खुद को केवल पढ़ाई के लिए में ढाल दिया ! फिजिकल एक्सरसाइज ( Physical exercise ) के अलावा उपासना ने खुद को हर चीज से कट-ऑफ कर लिया था और केवल तैयारी पर ध्यान दे रही थीं !

Indian Administrative Service : पहले प्रयास में प्री में रहीं असफल

उपासना मोहपात्रा ( Indian Administrative Service Upasana Mohapatra ) बताती हैं कि पहली बार में उनका प्री ( Pre Exam ) में भी नहीं हुआ था, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और पहले साल की गलतियों से सीखते हुए दूसरे साल तैयारी की ! उन्होंने बताया कि इस बार उन्होंने नई स्ट्रेटजी बनाई, सफल लोगों से टिप्स लिए पर करी अपने मन की ! यहां तक कि वे परीक्षा ( UPSC Exam ) की तैयारी करने वाले कैंडिडेट्स को सलाह भी यही देती हैं कि मोटिवेशन लो, मार्गदर्शन भी मांगो, लेकिन अपनी क्षमताओं के अनुसार अपने लिए जो अच्छी हो वही निर्णय लें !

करेंट अफेयर्स को मानती हैं बेहद जरूरी

UPSC IAS Success Story of Topper Upasana Mohapatra आखिर में उपासना मोहपात्रा ( IAS Upasana Mohapatra ) बताती हैं कि ने तैयारी के लिये कुछ समय कोचिंग ( Coaching ) भी ली पर वे कहती हैं कि ये इंडिविजुअल का अपना डिसीजन है कि वह कोचिंग ( Coaching ) के साथ पढ़ना चाहता है या कोचिंग के बिना ! दोनों के ही अपने-अपने फायदे नुकसान होते हैं ! उन्होंने जीएस और ऑप्शनल ( GS and optional ) दोनों के लिए एक साल कोचिंग ली थी ! वे मानती हैं कि इस परीक्षा की तैयारी के लिए कम से कम एक साल का समय तो लगता ही है !

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